विश्रामपुर में दलित महिला को डायन कहकर काटा, देवर समेत 6 हिरासत में, मुख्य आरोपी फरार
नगर परिषद स्थित रेहला थाना के गोदरमाखुर्द (बरवाडीह) के रजवार टोला में दलित महिला सूरजमनी देवी 40 वर्ष की डायन-बिसाही के संदेह में गड़ासे से गला काटकर हत्या कर दी गई। यह घटना बुधवार की अहले सुबह तीन बजे की है। घटना के समय उसका पति सुरेश रजवार घर से दूर शौच करने गया था। वहीं सूरजमनी अपने छोटे बेटे 6 साल के आलोक के साथ घर के अंदर सोयी थी।
पुलिस सूरजमनी के छोटे देवर अमरेश, पड़ोसी नवीन रजवार, शिवराम समेत 6 लोगों को शक के आधार पर हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। मृतका के पति सुरेश ने पुलिस को बताया कि एक महीने पहले पड़ोसी अनिल रजवार की बच्ची की मौत हो गई थी।
ओझा गुनी का काम करने वाले अनिल ने अपनी बच्ची की मौत का जिम्मेदार मेरी पत्नी सूरजमनी को ठहराते हुए बुरा परिणाम भुगतने की धमकी दी थी। घटना के एक दिन पहले भी आरोपी अनिल और उसके भाई नवीन ने घर आकर मेरी पत्नी को जल्द ही सबक सिखाने की धमकी दी थी। घटना के बाद से मुख्य आरोपी अनिल घर से फरार है।
चश्मदीद आलोक की जुबानी…
मैं आलोक (6 साल) रात में अपने दो अन्य भाइयों और मां-पिताजी के साथ खाना खाकर अपनी मां सूरजमनी देवी के साथ सोया था। मैं हमेशा उसी के साथ सोता हूं। मुझे अपनी मां से रात में कहानी सुनना बहुत अच्छा लगता है। मुझे क्या पता कि इस रात के बाद मैं अब कभी अपनी मां से कहानी नहीं सुन पाऊंगा। बुधवार की सुबह जब मेरे पिताजी सुरेश रजवान सौच के लिए खेतों की ओर गए तो मेरी नींद हल्की टूट गई। कुछ देर बाद ही दरवाजा खुलने की आवाज सुनाई दी।
मैंने बिस्तर पर सोए हुए ही देखा कि पड़ाेस में रहने वाले पांच लोग मेरे घर के अंदर घुस आए और गाली गलोज करते हुए मेरी मां के मुंह में कपड़ा ठूंस दिया। मां उनकी पकड़ से छूटने का प्रयास करती रही लेकिन उन्होंने मेरी मां के दोनो पैर बांध दिए। इसके बाद सभी ने मां के हाथ और पैर पकड़ लिए और घर से बाहर ले गए।
इस दाैरान मैं डर से वहीं दुबका रहा। फिर उन लाेगाें ने मेरी मां काे जमीन पर पटक दिया और चार लाेग उसके हाथ-पैर पकड़े रहे और एक व्यक्ति अनिल रजवार ने धारदार हथियार से मेरी मां के गले और चेहरे पर वार किया। इससे मां का गला कट गया और वह तुरंत मर गई। मेरी मां काे मारने के बाद सभी वहां से भाग गए तब मैं जाेर-जाेर से चिल्लाकर राेने लगा। मेरी अावाज सुनकर पड़ाेस के लाेग आ गए।
थाेड़ी देर बाद पिताजी भी खेत से लाैट आए। मुझे जान से भी ज्यादा प्यार करने वाली मां की ऐसी दर्दनाक मौत होगी, ऐसा मैंने कभी सपने में भी नहीं सोचा था। मेरी भगवान से प्रार्थना है कि मेरी मां को स्वर्ग में अच्छे से रखना और उसके हत्यारों काे कड़ी सजा दिलाना।
शोरगुल सुनकर आए पति और पड़ाेसियाें ने पुलिस काे खबर दी
इधर, घटना के बाद शाेर सुनकर पड़ाेसी वहां जुट गए। वहीं शौच गए सूरजमनी के पति भी वहां दौड़कर पहुंचे, तब तक महिला दम तोड़ चुकी थी। पुलिस निरीक्षक राजबल्लभ पासवान, रेहला थाना प्रभारी नेमधारी रजक, एसआई गुलशन गौरव, गौतम कुमार, रामचंद्र चौधरी ने स्थिति का जायजा लेने के बाद घर के बाहर पड़े मृतका के शव को पंचनामा कराया और पाेस्टमार्टम के लिए एमएमसीएच, मेदिनीनगर भेज दिया। वहीं घटना के एकमात्र चश्मदीद मृतका के बेटे आलोक से पूछताछ के बाद सूरजमनी के छोटे देवर अमरेश, पड़ोस के रिटायर्ड हेडमास्टर गणेश रजवार के छोटे बेटे नवीन, बस्ती के शिवराम से पूछताछ की जा रही है।
मामले का खुलासा कर आराेपियाें पर कड़ी कार्रवाई हाेगी : एसडीपीओ
रेहला थाना पुलिस हत्या में प्रयुक्त हथियार की भी सरगर्मी से तलाश कर रही है। पुलिस इंस्पेक्टर आरबी पासवान ने प्रथमद्रष्टया इस जघन्य हत्या के पीछे डायन-बिसाही का मामला बताया है। कहा कि टोला के दबंग परिवार रिटायर्ड हेडमास्टर गणेश रजवार के बेटे की संलिप्तता सामने आई है।
जबकि मृतका सूरजमनी का पति सुरेश रजवार भूमिहीन है मिट्टी खपड़ैल की झोपड़ी में रहता है और फैक्ट्री में मजदूरी कर जीवन यापन करता है। इस घटना से गोदरमाकला क्षेत्र में सनसनी फैल गयी है। एसडीपीओ सुरजीत कुमार ने स्पष्ट किया पूरे मामले का शीघ्र खुलासा होगा। साथ ही हत्या में संलिप्त सभी की गिरफ्तारी के साथ उनके विरुद्ध विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।
हत्या की घटना से भयभीत हैं ग्रामीण
महिला सूरजमनी देवी की अलसुबह जघन्य हत्या से गांव में दहशत का माहौल है। लोग विश्वास नहीं कर पा रहे हैं कि डायन के नाम पर गांव में इस तरह महिला की उसके बच्चों के सामने हत्या कर दी जाएगी।